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जिंदगी: [व्यायाम करना]


लूका 22:25
यीशु कहलथिन, “एहि संसारक राज्‍य सभ मे राजा सभ अपना प्रजा पर हुकुम चलबैत रहैत छथि, और प्रजा पर अधिकार जमाबऽ वला सभ अपना केँ ‘उपकारी’ कहैत अछि।

प्रकाशित-वाक्‍य 13:12
ओ पहिल जानबरक सेवा मे ओकर सम्‍पूर्ण अधिकार प्रयोग मे लबैत छल। ओ पृथ्‍वी आ ओहि परक सभ निवासी सँ ओहि पहिल जानबरक, जकर प्राण-घातक घाव ठीक भऽ गेल छलैक, पूजा करबबैत छल।

मत्ती 20:25
एहि पर यीशु शिष्‍य सभ केँ अपना लग बजा कऽ कहलथिन, “अहाँ सभ जनैत छी जे एहि संसारक शासक सभ जनता पर हुकुम चलबैत रहैत छथि और जनता मे जे पैघ लोक सभ छथि से जनता पर अधिकार जमबैत छथि।

मरकुस 10:42
एहि पर यीशु शिष्‍य सभ केँ अपना लग बजा कऽ कहलथिन, “अहाँ सभ जनैत छी जे एहि संसार मे जे सभ शासन करऽ वला बुझल जाइत छथि से सभ जनता पर हुकुम चलबैत रहैत छथि, और जनता मे जे पैघ लोक सभ छथि से जनता पर अधिकार जमबैत छथि।

कुलुस्‍सी 2:23
ई सभ, अर्थात्, अपना सँ बनाओल धार्मिक नियम केँ माननाइ, नम्रताक आडम्‍बर देखौनाइ, आ अपना शरीर केँ कष्‍ट देनाइ, ओहन बात अछि जाहि मे निःसन्‍देह बुद्धिक बात तँ बुझाइत अछि, मुदा शारीरिक अभिलाषा सभ केँ रोकऽ मे एहि सभ सँ कोनो लाभ नहि होइत अछि।

इब्रानी 5:14
मुदा ठोस भोजन अछि पैघ लोकक लेल, जे सभ बुद्धि लगबैत अभ्‍यास द्वारा नीक-अधलाह केँ चिन्‍हऽ मे निपुण भऽ गेल अछि।

1 पत्रुस 5:2
अहाँ सभ सँ हमर अनुरोध ई अछि जे, अहाँ सभक जिम्‍मा मे जे परमेश्‍वरक भेँड़ा रूपी झुण्‍ड अछि, तकर अहाँ सभ चरबाह जकाँ रखबारी करू। ओकर देखभाल करू, कोनो दबाब सँ नहि, बल्‍कि जहिना परमेश्‍वर चाहैत छथि, तहिना आनन्‍द सँ करू, और अनुचित लाभक दृष्‍टि सँ नहि करू, बल्‍कि सेवा करबाक मोन सँ।

मत्ती 8:9
कारण हमहूँ शासनक अधीन मे छी, और हमरा अधीन मे सैनिक सभ अछि। हम एकटा केँ कहैत छिऐक, ‘जाह’ तँ ओ जाइत अछि आ दोसर केँ कहैत छिऐक, ‘आबह’ तँ ओ अबैत अछि। हम अपना नोकर केँ कहैत छिऐक, ‘ई काज करह’ तँ ओ करैत अछि।”

1 तिमुथियुस 4:8
शारीरिक साधना सँ किछु लाभ तँ अछि, मुदा भक्‍ति सँ असीमित लाभ अछि, किएक तँ ओ जीवनक आश्‍वासन दैत अछि इहलोक मे सेहो और परलोक मे सेहो।

1 कोरिन्‍थी 6:19-20
[19] की अहाँ सभ नहि जनैत छी जे अहाँ सभक शरीर परमेश्‍वरक पवित्र आत्‍माक मन्‍दिर अछि, जे आत्‍मा अहाँ सभ मे वास करैत छथि आ जे अहाँ सभ केँ परमेश्‍वर सँ प्राप्‍त भेल छथि? अहाँ सभ अपन नहि छी।[20] अहाँ सभ दाम दऽ कऽ किनल गेल छी। एहि लेल अपना शरीर द्वारा परमेश्‍वरक सम्‍मान करू।

फिलिप्‍पी 4:13
जे हमरा बल दैत छथि हम तिनका द्वारा सभ किछु कऽ सकैत छी।

1 कोरिन्‍थी 10:31
अहाँ सभ खाइ वा पिबी वा जे किछु करी, सभ किछु एहि लेल करू जाहि सँ परमेश्‍वरक महिमा प्रगट होनि।

2 तिमुथियुस 2:5
एहि तरहेँ कोनो खेलाड़ी जँ खेल-कुदक नियमक अनुसार नहि खेलत तँ ओ पुरस्‍कार नहि पाबि सकत।

1 तिमुथियुस 2:12
हम एहि बातक अनुमति नहि दैत छी जे स्‍त्रीगण सभ उपदेश देथि अथवा पुरुष पर हुकुम चलबथि; हुनका सभ केँ चुप रहबाक चाहियनि।

रोमी 12:1
तेँ यौ भाइ लोकनि, हम अहाँ सभ सँ आग्रह करैत छी जे, परमेश्‍वरक अपार दयाक कारणेँ जे ओ अपना सभ पर कयने छथि, अहाँ सभ अपना शरीर केँ जीवित, पवित्र आ परमेश्‍वर द्वारा ग्रहणयोग्‍य बलिदानक रूप मे हुनका अर्पित करू। यैह भेल अहाँ सभक लेल परमेश्‍वरक असली आत्‍मिक आराधना कयनाइ।

मसीह-दूत 24:16
एहि कारणेँ हम सदिखन अपन जीवन ताहि तरहेँ व्‍यतीत करबाक प्रयत्‍न करैत छी, जाहि सँ हम परमेश्‍वरक आ मनुष्‍यक दृष्‍टि मे निर्दोष रही।

1 तिमुथियुस 4:7
परमेश्‍वर केँ अपमानित करऽ वला निरर्थक काल्‍पनिक कथा-पिहानी सभ सँ दूर रहू। तकर बदला मे परमेश्‍वर केँ पसन्‍द पड़ऽ वला भक्‍तिक जीवनक साधना मे लीन रहू।

इब्रानी 12:2-11
[2] अपन नजरि अपना सभक विश्‍वास केँ शुरुआत आ सिद्ध कयनिहार यीशु पर राखी जे सामने राखल आनन्‍दक कारणेँ क्रूसक कलंक पर ध्‍यान नहि दऽ तकर दुःख सहलनि आ आब परमेश्‍वरक सिंहासनक दहिना कात बैसल छथि।[3] ओ जे पापी सभक हाथ सँ कतेक घोर विरोध सहलनि तिनका पर ध्‍यान दिअ, जाहि सँ एना नहि होअय जे अहाँ सभ थाकि कऽ हिम्‍मत हारी।[4] पाप सँ संघर्ष करैत अहाँ सभ केँ एखन तक अपन खून नहि बहाबऽ पड़ल अछि।[5] की अहाँ सभ धर्मशास्‍त्रक ई उपदेश बिसरि गेलहुँ जाहि मे अहाँ सभ केँ पुत्र कहि कऽ सम्‍बोधन कयल गेल अछि?— “हे हमर पुत्र, प्रभुक सजाय केँ तुच्‍छ नहि मानह, और जखन ओ तोरा कोनो गलती देखा कऽ डँटैत छथुन तँ हिम्‍मत नहि हारह।[6] कारण, जकरा सँ प्रभु प्रेम करैत छथि तकरा ओ सजाय दऽ कऽ सुधारैत छथिन, जकरा ओ पुत्र मानैत छथि तकरा ओ कोड़ा लगबैत छथिन।”[7] कष्‍ट केँ ई बुझि कऽ सहि लिअ जे परमेश्‍वर एहि द्वारा हमरा सुधारि रहल छथि। कारण ओ अहाँ केँ पुत्र मानि अहाँक संग पिता जकाँ व्‍यवहार कऽ रहल छथि। की कोनो एहन पुत्र अछि जकर पिता ओकरा सजाय दऽ कऽ नहि सुधारैत होइक?[8] जँ अहाँ सभ केँ सुधारल नहि जाइत अछि जखन की सभ बेटा केँ सुधारल जाइत छैक तँ अहाँ सभ पारिवारिक-पुत्र नहि, अनजनुआ-जन्‍मल पुत्र सभ छी।[9] एतबे नहि, जखन शारीरिक पिता अपना सभ केँ सजाय दैत छलाह आ ताहि लेल अपना सभ हुनका सभक आदर करैत छलहुँ तँ ओहि सँ बढ़ि कऽ अपन आत्‍मिक पिताक अधीन मे रहनाइ अपना सभ किएक नहि स्‍वीकार करी जाहि सँ जीवन पाबी?[10] ओ सभ सीमित समयक लेल जहिना अपना बुद्धिक अनुसार ठीक बुझैत छलाह, तहिना अपना सभ केँ सजाय देलनि, मुदा परमेश्‍वर ई जानि जे अपना सभक कल्‍याणक लेल केहन सजाय ठीक होयत अपना सभ केँ सुधारैत छथि जाहि सँ ओ जहिना पवित्र छथि, तहिना अपनो सभ पवित्र बनी।[11] जखन कोनो तरहक सजाय ककरो भेटि रहल छैक तँ ताहि समय मे ओ ओकरा सुखदायक नहि, दुःखदायक लगैत छैक, मुदा बाद मे, तकरा द्वारा सुधारल गेलाक बाद, ओकर परिणाम एक धार्मिक आ शान्‍तिपूर्ण जीवन होइत अछि।

1 पत्रुस 2:14
अथवा राज्‍यपाल सभक होअय, जे सभ अपराध करऽ वला सभ केँ दण्‍ड देबाक लेल आ नीक काज करऽ वला सभक प्रशंसा करबाक लेल राजा द्वारा नियुक्‍त कयल जाइत छथि।

1 पत्रुस 2:1
एहि लेल अहाँ सभ हर तरहक दुष्‍ट भावना, सभ प्रकारक छल-कपट, पाखण्‍ड, डाह आ निन्‍दा केँ छोड़ू।

1 कोरिन्‍थी 6:19
की अहाँ सभ नहि जनैत छी जे अहाँ सभक शरीर परमेश्‍वरक पवित्र आत्‍माक मन्‍दिर अछि, जे आत्‍मा अहाँ सभ मे वास करैत छथि आ जे अहाँ सभ केँ परमेश्‍वर सँ प्राप्‍त भेल छथि? अहाँ सभ अपन नहि छी।

3 यूहन्‍ना 1:2
प्रिय मित्र, हम परमेश्‍वर सँ प्रार्थना करैत छी जे जहिना अहाँ आत्‍मिक रूप मे कुशल छी, तहिना आओर सभ बात मे सकुशल रहैत स्‍वस्‍थ रही।

1 कोरिन्‍थी 9:24-27
[24] की अहाँ सभ नहि जनैत छी जे दौड़ प्रतियोगिता मे सभ प्रतियोगी दौड़ैत अछि, मुदा पुरस्‍कार मात्र एके गोटे केँ भेटैत छैक? तेँ अहाँ सभ एहि तरहेँ दौड़ू जे पुरस्‍कार प्राप्‍त करी।[25] खेल प्रतियोगिता मे भाग लेबऽ वला खेलाड़ी सभ प्रत्‍येक बातक संयम रखैत अछि। ओ सभ ओहन जय-माला पयबाक लेल ई सभ करैत अछि जे टिकत नहि, मुदा अपना सभ अविनाशी मुकुट पयबाक लेल एना करैत छी।[26] एहि लेल हम एहन खेलाड़ी जकाँ छी जे सामने राखल लक्ष्‍य पर सँ नजरि नहि हटा कऽ दौड़ैत अछि। हम एहन मुक्‍केबाजीक खेलाड़ी जकाँ नहि छी जे हवे मे मुक्‍का मारैत अछि।[27] हम अपना शरीर केँ कष्‍ट दऽ कऽ वश मे रखैत छी। नहि तँ कतौ एना नहि भऽ जाय जे दोसर लोक केँ उपदेश देलाक बाद हम स्‍वयं पुरस्‍कार पयबाक लेल अयोग्‍य ठहरी।

1 पत्रुस 3:3-4
[3] अहाँ सभक सुन्‍दरता बाहरी श्रृंगार सँ नहि आबय, जेना केशक गुहनाइ, वा सोनाक गहना-गुड़िया सभ आ बढ़ियाँ-बढ़ियाँ कपड़ा पहिरनाइ सँ,[4] बल्‍कि अहाँ सभक भितरी चरित्र सँ आबय, अर्थात् नम्र आ शान्‍त स्‍वभावक सुन्‍दरता होअय। एहन सुन्‍दरता टिकैत अछि, और परमेश्‍वरक नजरि मे बहुत मूल्‍यवान अछि।

2 तिमुथियुस 4:7
हम नीक लड़ाइ लड़ि लेलहुँ, अपन दौड़ पूरा कऽ लेलहुँ और अपन विश्‍वास पर अटल रहलहुँ।

1 कोरिन्‍थी 9:26-27
[26] एहि लेल हम एहन खेलाड़ी जकाँ छी जे सामने राखल लक्ष्‍य पर सँ नजरि नहि हटा कऽ दौड़ैत अछि। हम एहन मुक्‍केबाजीक खेलाड़ी जकाँ नहि छी जे हवे मे मुक्‍का मारैत अछि।[27] हम अपना शरीर केँ कष्‍ट दऽ कऽ वश मे रखैत छी। नहि तँ कतौ एना नहि भऽ जाय जे दोसर लोक केँ उपदेश देलाक बाद हम स्‍वयं पुरस्‍कार पयबाक लेल अयोग्‍य ठहरी।

Maithili Bible 2010
©2010 The Bible Society of India and WBT