A A A A A

अच्छा चरित्र : [आदर]


1 पत्रुस 2:17
सभ मनुष्‍यक आदर करू, विश्‍वासी भाय सभ सँ प्रेम राखू, परमेश्‍वरक भय मानू, आ राजाक सम्‍मान करू।

रोमी 12:10
एक-दोसर सँ भाय-बहिन वला प्रेम राखि एक-दोसराक लेल समर्पित रहू। आपस मे एक-दोसर केँ आदरक संग अपना सँ श्रेष्‍ठ मानू।

1 तिमुथियुस 5:17
मण्‍डली केँ ठीक प्रकार सँ देख-रेख कयनिहार अगुआ लोकनि केँ दोबर आदर-सम्‍मानक योग्‍य बुझल जानि, विशेष रूप सँ तिनका सभ केँ जे सभ वचनक प्रचारक काज आ शिक्षा देबऽ वला काज मे परिश्रम करैत छथि।

यूहन्‍ना 5:23
जाहि सँ सभ लोक जेना पिताक आदर करैत छनि तेना पुत्रोक आदर करनि। जे पुत्रक आदर नहि करैत अछि, से पिताक सेहो नहि करैत छनि, जे हुनका पठौने छथिन।

यूहन्‍ना 4:44
(यीशु अपने गवाही देने छलाह जे परमेश्‍वरक प्रवक्‍ता केँ अपना क्षेत्र मे आदर नहि होइत छनि।)

1 तिमुथियुस 1:17
युग-युगक राजा, अविनाशी, अदृश्‍य और एकमात्र परमेश्‍वरक सम्‍मान और स्‍तुति युगानुयुग होइत रहनि। आमीन।

रोमी 13:1-7
[1] प्रत्‍येक व्‍यक्‍ति शासन कयनिहार अधिकारी सभक अधीन रहओ। किएक तँ कोनो अधिकार एहन नहि अछि जे परमेश्‍वर द्वारा स्‍थापित नहि कयल गेल होअय—जे सभ शासन कऽ रहल छथि, तिनकर सभक अधिकार परमेश्‍वर सँ भेटल छनि।[2] एहि लेल, जे केओ शासनक विरोध करैत अछि से तकर विरोध करैत अछि जे परमेश्‍वर स्‍थापित कयने छथि, आ अपना पर दण्‍डक आज्ञा केँ बजबैत अछि।[3] कारण, अधिकारी सभ उचित काज कयनिहार सभक लेल नहि, बल्‍कि गलत काज कयनिहार सभक लेल भय उत्‍पन्‍न करैत छथि। की अहाँ अधिकारी सँ निर्भय रहऽ चाहैत छी? तखन उचित काज करैत रहू आ ओ अहाँक प्रशंसा करताह।[4] किएक तँ ओ अहाँक कल्‍याण करबाक लेल परमेश्‍वरक सेवक छथि। मुदा जँ अहाँ गलत काज करैत छी तँ हुनका सँ अवश्‍य भयभीत होउ, कारण, दण्‍ड देबाक अधिकार हुनका व्‍यर्थे नहि छनि। ओ परमेश्‍वरक सेवक छथि आ गलत काज कयनिहार लोक केँ परमेश्‍वरक इच्‍छाक अनुसार दण्‍ड दैत छथि।[5] तेँ अधिकारी सभक अधीन रहनाइ आवश्‍यक अछि—मात्र दण्‍ड सँ बचबाक लेल नहि, बल्‍कि अपना विवेकक समक्ष निर्दोष रहबाक लेल सेहो।[6] एही कारण सँ अहाँ सभ राजकर सेहो चुकबैत छी, किएक तँ अधिकारी सभ परमेश्‍वरक सेवक छथि आ अपन कर्तव्‍य पूरा करऽ मे लागल रहैत छथि।[7] अहाँ सभ सेहो सभक प्रति अपन कर्तव्‍य पूरा करू—जिनका राजकर देबाक अछि, तिनका राजकर दिऔन; जिनका सीमा-कर देबाक अछि, तिनका सीमा-कर दिऔन; जिनकर भय मानबाक अछि तिनकर भय मानू आ जिनकर आदर करबाक अछि तिनकर आदर करू।

रोमी 2:7
जे लोक सभ धैर्यपूर्बक सत्‍कर्म करैत रहि कऽ परमेश्‍वर सँ देल सम्‍मान, आदर और अमरत्‍वक खोज मे लागल रहैत अछि तकरा परमेश्‍वर अनन्‍त जीवन देथिन।

इब्रानी 13:4
सभ केओ विवाह-बन्‍धन केँ आदरक दृष्‍टि सँ देखथि। वैवाहिक सम्‍बन्‍ध दुषित नहि कयल जाय कारण, जे अनैतिक सम्‍बन्‍ध रखैत अछि, चाहे ओ विवाहित होअय वा अविवाहित, परमेश्‍वर तकरा दण्‍ड देताह।

यूहन्‍ना 12:26
जे हमर सेवा करत, से हमरा पाछाँ आबय। और हम जतऽ होयब, ततऽ हमर सेवक सेहो होयत। जे केओ हमर सेवा करत, तकरा हमर पिता आदर करथिन।

इफिसी 6:1-3
[1] हौ धिआ-पुता सभ! तोँ सभ प्रभुक लोक होयबाक कारणेँ अपन माय-बाबूक आज्ञा मानह, किएक तँ यैह उचित छह।[2] धर्मशास्‍त्र मे लिखल अछि, “अपन माय-बाबूक आदर करह”—ई पहिल आज्ञा अछि जकरा संग एक वचनो देल गेल अछि।[3] ओ वचन ई अछि जे, “...जाहि सँ तोहर कल्‍याण होअओ और तोँ बहुतो साल धरि पृथ्‍वी पर जीबैत रहह।”

इफिसी 6:2
धर्मशास्‍त्र मे लिखल अछि, “अपन माय-बाबूक आदर करह”—ई पहिल आज्ञा अछि जकरा संग एक वचनो देल गेल अछि।

यूहन्‍ना 5:22-23
[22] और पिता ककरो न्‍याय करऽ वला नहि छथि। ओ न्‍याय करबाक सभ अधिकार सेहो पुत्रे केँ देने छथिन,[23] जाहि सँ सभ लोक जेना पिताक आदर करैत छनि तेना पुत्रोक आदर करनि। जे पुत्रक आदर नहि करैत अछि, से पिताक सेहो नहि करैत छनि, जे हुनका पठौने छथिन।

मत्ती 15:4
देखू, परमेश्‍वर कहने छथि जे, ‘अपन माय-बाबूक आदर करह,’ आ ‘जे केओ अपन माय-बाबूक निन्‍दा करय तकरा मृत्‍युदण्‍ड देल जाय।’

1 थिसलुनिकी 4:4
अहाँ सभ मे सँ प्रत्‍येक व्‍यक्‍ति अपना शरीर केँ पवित्रता और मर्यादाक संग नियन्‍त्रण मे राखी,

2 पत्रुस 1:17
कारण, ओ परमेश्‍वर पिता सँ सम्‍मान आ महिमा पौलनि जखन परमेश्‍वरक दिस सँ ई आवाज सुनाइ देलकनि जे, “ई हमर प्रिय पुत्र छथि, हिनका सँ हम अति प्रसन्‍न छी।”

प्रकाशित-वाक्‍य 5:12-13
[12] ओ सभ जोर सँ बाजि रहल छलाह जे, “वध कयल गेल बलि-भेँड़ा सामर्थ्‍य, धन, बुद्धि, शक्‍ति, आदर, महिमा आ स्‍तुति पयबाक योग्‍य छथि!”[13] तखन हम सृष्‍टिक प्रत्‍येक प्राणी केँ, जे स्‍वर्ग मे अछि, पृथ्‍वी पर अछि, पृथ्‍वीक नीचाँ पाताल मे अछि आ समुद्र मे अछि, अर्थात् सभ ठामक सभ जीव केँ ई कहैत सुनलहुँ जे, “जे सिंहासन पर विराजमान छथि तिनका, आ बलि-भेँड़ा केँ, स्‍तुति, आदर, महिमा आ सामर्थ्‍य युगानुयुग होइत रहनि!”

प्रकाशित-वाक्‍य 7:12
“ई बात सत्‍य अछि! हमरा सभक परमेश्‍वरक स्‍तुति, महिमा, बुद्धि, धन्‍यवाद, आदर, शक्‍ति आ सामर्थ्‍य युगानुयुग होनि। आमीन!”

1 कोरिन्‍थी 6:20
अहाँ सभ दाम दऽ कऽ किनल गेल छी। एहि लेल अपना शरीर द्वारा परमेश्‍वरक सम्‍मान करू।

इफिसी 6:2-3
[2] धर्मशास्‍त्र मे लिखल अछि, “अपन माय-बाबूक आदर करह”—ई पहिल आज्ञा अछि जकरा संग एक वचनो देल गेल अछि।[3] ओ वचन ई अछि जे, “...जाहि सँ तोहर कल्‍याण होअओ और तोँ बहुतो साल धरि पृथ्‍वी पर जीबैत रहह।”

प्रकाशित-वाक्‍य 4:9-11
[9] जखन-जखन ओ प्राणी सभ सिंहासन पर विराजमान, युगानुयुग धरि जीवित रहनिहारक स्‍तुति, आदर आ धन्‍यवाद करैत छनि,[10] तखन-तखन चौबीसो धर्मवृद्ध सभ सिंहासन पर विराजमान आ युगानुयुग तक जीवित रहनिहार परमेश्‍वरक सामने दण्‍डवत करैत छथिन, हुनकर वन्‍दना करैत छथिन और सिंहासनक सम्‍मुख अपन मुकुट राखि कऽ ई कहैत छथि जे,[11] “हे हमरा सभक प्रभु, हमरा सभक परमेश्‍वर, अहाँ महिमा, सम्‍मान आ सामर्थ्‍य पयबाक योग्‍य छी, किएक तँ अहीं सभ वस्‍तुक सृष्‍टिकर्ता छी, अहींक इच्‍छा सँ एकरा सभक सृष्‍टि भेलैक, अहींक इच्‍छा सँ ई सभ अस्‍तित्‍व मे अछि।”

मरकुस 7:1-13
[1] किछु फरिसी आ धर्मशिक्षक लोकनि जे यरूशलेम सँ आयल छलाह यीशु सँ भेँट करऽ लेल अयलाह।[2] ओ लोकनि देखलनि जे हुनकर किछु शिष्‍य सभ बिना हाथ धोने भोजन करैत छथि, जे हुनका लोकनिक अनुसार धर्म-विरोध वला बात छल।[3] सभ यहूदी, ओहू मे खास कऽ फरिसी लोकनि, पुरखा सँ आबि रहल चलन केँ पालन करैत छथि—जाबत तक ओ लोकनि अपन हाथ केँ रीतिक अनुसार धोइत नहि छथि ताबत तक भोजन नहि करैत छथि।[4] जखन बजार सँ अबैत छथि तँ रीतिक अनुसार बिना स्‍नान कयने किछु नहि खाइत छथि। ओहिना पुरखाक आओर बहुत चलन केँ मानैत छथि, जेना बाटी, लोटा और कठौत केँ विशेष प्रकार सँ शुद्ध कयनाइ।[5] तँ फरिसी और धर्मशिक्षक लोकनि यीशु सँ पुछलनि जे, “अहाँक शिष्‍य सभ पुरखाक चलन सभ किएक नहि मानैत अछि? ओ सभ अशुद्ध हाथ सँ किएक भोजन करैत अछि?”[6] ओ उत्तर देलथिन जे, “हे पाखण्‍डी सभ! यशायाह अहाँ सभक बारे मे एकदम ठीक भविष्‍यवाणी कयलनि, जेना धर्मशास्‍त्र मे लिखल अछि जे, ‘ई सभ मुँह सँ हमर आदर करैत अछि, मुदा एकर सभक हृदय हमरा सँ दूर छैक।[7] ई सभ बेकार हमर उपासना करैत अछि। ई सभ जे शिक्षा दैत अछि, से मात्र मनुष्‍यक बनाओल नियम सभ अछि।’[8] अहाँ लोकनि परमेश्‍वरक आज्ञा केँ अवहेलना करैत छी लेकिन मनुष्‍यक बनाओल रीति-रिवाज केँ पकड़ने रहैत छी।”[9] यीशु आगाँ कहऽ लगलाह जे, “अहाँ सभ अपन चलन चलयबाक लेल कतेक चलाकी सँ परमेश्‍वरक आज्ञा सभक उल्‍लंघन करैत छी![10] मूसा तँ कहने छलाह जे, ‘अपन माय-बाबूक आदर करह,’ और ‘जे केओ अपन माय-बाबूक निन्‍दा करय तकरा मृत्‍युदण्‍ड देल जाय।’[11] मुदा अहाँ सभ कहैत छी जे, जँ केओ अपना बाबू वा माय सँ कहैत अछि, ‘जे किछु अहाँ सभ हमरा सँ सहायता प्राप्‍त करितहुँ से आब “कुर्बान” अछि’, अर्थात्‌, परमेश्‍वर केँ अर्पित,[12] आ जँ ओ किछु करहो चाहैत अछि तँ अहाँ सभ ओकरा अपन माय-बाबूक लेल कोनो कर्तव्‍य पूरा नहि करऽ दैत छिऐक।[13] जे चलन अहाँ केँ पुरखा सँ भेटल अछि, तकरा द्वारा अहाँ परमेश्‍वरक वचन केँ निरर्थक ठहरबैत छी। और एतबे नहि—आरो एहन-एहन बहुत काज करैत छी।”

मत्ती 15:1-9
[1] तकरबाद यरूशलेम सँ किछु फरिसी आओर धर्मशिक्षक सभ यीशु लग अयलाह आ कहलथिन,[2] “अहाँक शिष्‍य सभ पुरखाक चलन सभ केँ किएक तोड़ैत अछि? ओ सभ भोजन करऽ सँ पहिने विधिवत हाथ नहि धोइत अछि।”[3] यीशु उत्तर देलथिन, “और अहाँ सभ अपन चलन सभक पालन करबाक लेल परमेश्‍वरक आज्ञा केँ किएक तोड़ैत छी?[4] देखू, परमेश्‍वर कहने छथि जे, ‘अपन माय-बाबूक आदर करह,’ आ ‘जे केओ अपन माय-बाबूक निन्‍दा करय तकरा मृत्‍युदण्‍ड देल जाय।’[5] मुदा अहाँ सभ कहैत छी जे, जँ केओ अपन बाबू वा माय सँ कहत, ‘हम अहाँ सभ केँ जे किछु सहायता कऽ सकैत छलहुँ से हम परमेश्‍वर केँ अर्पण कऽ देने छी,’[6] तँ ओकरा अपन माय-बाबूक सहायता कऽ कऽ आदर करबाक कोनो आवश्‍यकता नहि छैक। एहि तरहेँ अहाँ सभ अपन चलन केँ चलयबाक लेल परमेश्‍वरक आज्ञा केँ निरर्थक ठहरबैत छी।[7] हे पाखण्‍डी सभ! यशायाह अहाँ सभक सम्‍बन्‍ध मे एकदम ठीक भविष्‍यवाणी कयलनि जे,[8] ‘ई सभ मुँह सँ हमर आदर करैत अछि, मुदा एकर सभक हृदय हमरा सँ दूर छैक।[9] ई सभ बेकार हमर उपासना करैत अछि। ई सभ जे शिक्षा दैत अछि, से मात्र मनुष्‍यक बनाओल नियम सभ अछि।’ ”

लूका 14:7-8
[7] यीशु जखन निमन्‍त्रित लोक सभ केँ अपना लेल मुख्‍य-मुख्‍य आसन चुनैत देखलनि, तँ हुनका सभ केँ ई दृष्‍टान्‍त दऽ कऽ सिखाबऽ लगलथिन जे,[8] “अहाँ सभ केँ जखन केओ विवाह मे निमन्‍त्रित करय तँ मुख्‍य आसन पर नहि बैसू। कतौ एना नहि होअय जे अहूँ सँ प्रतिष्‍ठित व्‍यक्‍ति सेहो आमन्‍त्रित होथि

2 कोरिन्‍थी 6:8
ककरो सँ आदर पबैत छी, तँ ककरो सँ निरादर, ककरो सँ जस आ ककरो सँ अपजस। सही रहितो हम सभ कपटी बुझल जाइत छी,

प्रकाशित-वाक्‍य 5:13
तखन हम सृष्‍टिक प्रत्‍येक प्राणी केँ, जे स्‍वर्ग मे अछि, पृथ्‍वी पर अछि, पृथ्‍वीक नीचाँ पाताल मे अछि आ समुद्र मे अछि, अर्थात् सभ ठामक सभ जीव केँ ई कहैत सुनलहुँ जे, “जे सिंहासन पर विराजमान छथि तिनका, आ बलि-भेँड़ा केँ, स्‍तुति, आदर, महिमा आ सामर्थ्‍य युगानुयुग होइत रहनि!”

प्रकाशित-वाक्‍य 4:11
“हे हमरा सभक प्रभु, हमरा सभक परमेश्‍वर, अहाँ महिमा, सम्‍मान आ सामर्थ्‍य पयबाक योग्‍य छी, किएक तँ अहीं सभ वस्‍तुक सृष्‍टिकर्ता छी, अहींक इच्‍छा सँ एकरा सभक सृष्‍टि भेलैक, अहींक इच्‍छा सँ ई सभ अस्‍तित्‍व मे अछि।”

1 तिमुथियुस 6:16
ओ अमरताक एकमात्र स्रोत छथि और ओहन इजोत मे वास करैत छथि जकरा लग मे केओ जा नहि सकैत अछि। हुनका कोनो मनुष्‍य ने कहियो देखने छनि आ ने देखि सकैत छनि। ओही परम परमेश्‍वरक सम्‍मान और सामर्थ्‍य अनन्‍त काल धरि रहनि। आमीन।

इब्रानी 5:4
महापुरोहितक गौरवपूर्ण पद केओ अपने सँ नहि लऽ सकैत अछि। परमेश्‍वर जिनका नियुक्‍त करथिन तिनके ई सम्‍मान देल जाइत अछि, जेना हारूनो केँ परमेश्‍वरे महापुरोहितक पद पर नियुक्‍त कयने छलथिन।

मत्ती 15:8
‘ई सभ मुँह सँ हमर आदर करैत अछि, मुदा एकर सभक हृदय हमरा सँ दूर छैक।

मत्ती 19:19
अपन माय-बाबूक आदर करह’ आ ‘अपना पड़ोसी सँ अपने जकाँ प्रेम करह।’ ”

लूका 18:20
अहाँ धर्म-नियमक आज्ञा सभ तँ जनैत छी—‘परस्‍त्रीगमन नहि करह, हत्‍या नहि करह, चोरी नहि करह, झूठ गवाही नहि दैह, अपन माय-बाबूक आदर करह।’ ”

मत्ती 13:57
एहि तरहेँ लोक यीशु सँ डाह करऽ लागल। तखन यीशु ओकरा सभ केँ कहलथिन, “मात्र अपने गाम आ अपने घर मे परमेश्‍वरक प्रवक्‍ताक अनादर होइत छैक।”

मरकुस 6:4
यीशु ओकरा सभ केँ कहलथिन, “मात्र अपने गाम, कुटुम्‍ब-परिवार, आ अपने घर मे परमेश्‍वरक प्रवक्‍ताक अनादर होइत छैक।”

यूहन्‍ना 12:23-26
[23] यीशु बजलाह, “मनुष्‍य-पुत्रक महिमा प्रगट होयबाक घड़ी आबि गेल अछि।[24] हम अहाँ सभ केँ सत्‍ये कहैत छी जे, जाबत धरि गहुमक दाना जमीन मे खसि कऽ मरि नहि जाइत अछि, ताबत धरि ओ असगर रहैत अछि। मुदा जँ मरि जायत, तँ आओर बहुत दाना केँ उत्‍पादन करत।[25] जे अपना जीवन केँ प्रिय बुझैत अछि, से ओकरा गमबैत अछि, और जे एहि संसार मे अपना जीवन केँ तुच्‍छ बुझैत अछि, से ओकरा अनन्‍त जीवनक लेल सुरक्षित रखैत अछि।[26] जे हमर सेवा करत, से हमरा पाछाँ आबय। और हम जतऽ होयब, ततऽ हमर सेवक सेहो होयत। जे केओ हमर सेवा करत, तकरा हमर पिता आदर करथिन।

इब्रानी 2:9
मुदा अपना सभ यीशु केँ देखैत छी जे स्‍वर्गदूत सभ सँ कनेक छोट बनाओल गेल छलाह जाहि सँ ओ परमेश्‍वरक कृपा सँ प्रत्‍येक मनुष्‍यक लेल मृत्‍युक अनुभव करथि। आब हुनका महिमा आ आदरक मुकुट पहिराओल गेलनि, से अपना सभ देखैत छी, कारण, ओ सभक लेल मृत्‍यु केँ भोगलनि।

1 तिमुथियुस 5:3
ओहन विधवा सभक सम्‍मान और सहायता करू जे सभ वास्‍तव मे निःसहाय छथि।

1 तिमुथियुस 6:1
दासत्‍वक जुआ तर मे जे लोक सभ अछि से सभ अपन मालिक केँ पूर्ण आदरक योग्‍य बुझय, जाहि सँ परमेश्‍वरक नाम आ अपना सभक शिक्षाक निन्‍दा नहि होअय।

Maithili Bible 2010
©2010 The Bible Society of India and WBT