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بائبل ایک سال میں
فروری ۲۷

مرقس ۶:۱-۲۹
۱. फिर वहाँ से निकल कर वो अपने वतन में आया और उसके शागिर्द उसके पीछे हो लिए।
۲. “ जब सब्त का दिन आया “तो वो इबादत खाने में ता'लीम देने लगा और बहुत लोग सुन कर हैरान हुए और कहने लगे, ““ये बातें इस में कहाँ से आ गईं? और ये क्या हिकमत है जो इसे बख़्शी गई और कैसे मो'जिज़े इसके हाथ से ज़ाहिर होते हैं।?”
۳. क्या ये वही बढ़ई नहीं जो मरियम का बेटा और या'क़ूब और योसेस और यहूदाह और शमा'ऊन का भाई है और क्या इसकी बहनें यहाँ हमारे हाँ नहीं?” पस उन्होंने उसकी वजह से ठोकर खाई।
۴. ईसा' ने उन से कहा,“नबी अपने वतन और अपने रिशतेदारों और अपने घर के सिवा और कहीँ बेइज़्ज़त नहीं होता |
۵. और वो कोई मो'जिज़ा वहाँ न दिखा सका, सिर्फ़ थोड़े से बीमारों पर हाथ रख कर उन्हे अच्छा कर दिया।
۶. और उस ने उनकी बे'ऐतिकादी पर ता'अज्जुब किया और वो चारों तरफ़ के गावँ में ता'लीम देता फिरा।
۷. उसने बारह को अपने पास बुलाकर दो दो करके भेजना शुरू किया और उनको बदरूहों पर इख़्तियार बख़्शा।
۸. और हुक्म दिया ” रास्ते के लिए लाठी के सिवा कुछ न लो, न रोटी, न झोली, न अपने कमरबन्द में पैसे।
۹. “ मगर जूतियां पहनों और दो दो कुर्ते न पहनों।”” “
۱۰. “ और उसने उससे कहा,“”जहाँ तुम किसी घर में दाख़िल हो तो उसी में रहो जब तक वहाँ से रवाना न हो। “
۱۱. जिस जगह के लोग तुम्हें क़बूल न करें और तुम्हारी न सुनें वहाँ से चलते वक़्त अपने तलुओं की मिट्टी झाड़ दो ताकि उन पर गवाही हो।”
۱۲. “ और उन्होंने रवाना होकर एलान किया, ““कि तौबा करो।”” “
۱۳. और बहुत सी बदरूहों को निकाला और बहुत से बीमारों को तेल मल कर अच्छा कर दिया।
۱۴. “ और हेरोदेस बादशाह ने उसका ज़िक्र सुना“क्यूँकि उसका नाम मशहूर होगया था और उसने कहा, ““यूहन्ना बपतिस्मा देनेवाला मुर्दों में से जी उठा है, क्यूँकि उससे मो'जिज़े ज़ाहिर होते हैं।””
۱۵. मगर बा'ज़ कहते थे, एलियाह है और बा'ज़ ये नबियों में से किसी की मानिन्द एक नबी है।
۱۶. मगर हेरोदेस ने सुनकर कहा, “यूहन्ना जिस का सिर मैंने कटवाया वही जी उठा है ”
۱۷. क्यूंकि हेरोदेस ने आपने आदमी भेजकर यूहन्ना को पकड़वाया और अपने भाई फ़िलिपुस की बीवी हेरोदियास की वजह से उसे क़ैद खाने में बाँध रखा था, क्यूंकि हेरोदेस ने उससे शादी कर लिया था।
۱۸. और यूहन्ना ने उससे कहा था, “अपने भाई की बीवी को रखना तुझे जाएज नहीं।”
۱۹. पस हेरोदियास उस से दुश्मनी रखती और चाहती थी कि उसे क़त्ल कराए, मगर न हो सका।
۲۰. क्यूंकि हेरोदेस यूहन्ना को रास्तबाज़ और मुक़द्दस आदमी जान कर उससे डरता और उसे बचाए रखता था और उसकी बातें सुन कर बहुत हैरान हो जाता था, मगर सुनता ख़ुशी से था।
۲۱. और मौके के दिन जब हेरोदेस ने अपनी सालगिराह में अमीरों और फ़ौजी सरदारों और गलील के रईसों की दावत की ।
۲۲. और उसी हेरोदियास की बेटी अन्दर आई और नाच कर हेरोदेस और उसके मेहमानो को ख़ुश किया तो बादशाह ने उस लड़की से कहा, “जो चाहे मुझ से माँग मैं तुझे दूँगा।”
۲۳. और उससे क़सम खाई “जो कुछ तू मुझ से माँगेगी अपनी आधी सल्तन्त तक तुझे दूँगा।”
۲۴. और उसने बाहर आकर अपनी माँ से कहा, “मै क्या मागूँ? उसने कहा, “यूहन्ना बपतिस्मा देने वाले का सिर।”
۲۵. वो फ़ौरन बादशाह के पास जल्दी से अन्दर आई और उस से अर्ज़ किया, “मैं चाहती हूँ कि तू यूहन्ना बपतिस्मा देने वाले का सिर एक थाल में अभी मुझे मंगवा दें।”
۲۶. बादशाह बहुत ग़मगीन हुआ मगर अपनी क़समों और मेहमानों की वजह से उसे इन्कार करना न चाहा।
۲۷. पस बादशाह ने फ़ौरन एक सिपाही को हुक्म देकर भेजा कि उसका सिर लाए, उसने जाकर क़ैद खाने में उस का सिर काटा।
۲۸. और एक थाल में लाकर लड़की को दिया और लड़की ने माँ को दिया।
۲۹. फिर उसके शागिर्द सुन कर आए, उस की लाश उठा कर क़ब्र में रख्खी।