بائبل ایک سال میں
جولائی 19


رسولوں ۱۰:۱-۲۳
۱. क़ैसरिया में कुर्नेलियुस नाम एक शख़्स था। वह उस पलटन का सूबेदार था, जो अतालियानी कहलाती है।
۲. वो दीनदार था, और अपने सारे घराने समेत ख़ुदा से डरता था, और यहूदियों को बहुत ख़ैरात देता और हर वक़्त ख़ुदा से दु'आ करता था
۳. उस ने तीसरे पहर के क़रीब रोया में साफ़ साफ़ देखा कि ख़ुदा का फ़रिश्ता मेरे पास आकर कहता है, “कुर्नेलियुस!”
۴. उसने उस को ग़ौर से देखा और डर कर कहा “ख़ुदावन्द क्या है?” उस ने उस से कहा, “तेरी दु'आएँ और तेरी ख़ैरात यादगारी के लिए ख़ुदा के हुज़ूर पहुँचीं।
۵. अब याफ़ा में आदमी भेजकर शमा'ऊन को जो पतरस कहलाता है, बुलवा ले।
۶. वो शमा'ऊन दब्बाग़ के यहाँ मेंहमान है, जिसका घर समुन्दर के किनारे है ।”
۷. और जब वो फ़रिश्ता चला गया जिस ने उस से बातें की थी, तो उस ने दो नौकरों को और उन में से जो उसके पास हाज़िर रहा करते थे, एक दीनदार सिपाही को बुलाया।
۸. और सब बातें उन से बयान कर के उन्हें याफ़ा में भेजा।
۹. दूसरे दिन जब वो राह में थे, और शहर के नज़दीक पहुँचे तो पतरस दोपहर के क़रीब छत पर दु'आ करने को चढ़ा।
۱۰. और उसे भूख लगी, और कुछ खाना चहता था, लेकिन जब लोग तैयारी कर रहे थे, तो उस पर बेख़ुदी छा गई।
۱۱. और उस ने देखा कि आस्मान खुल गया और एक चीज़ बड़ी चादर की तरह चारों कोनों से लटकती हुई ज़मीन की तरफ़ उतर रही है ।
۱۲. जिसमें ज़मीन के सब क़िस्म के चौपाए, कीड़े मकोड़े और हवा के परिन्दे हैं ।
۱۳. और उसे एक आवाज़ आई कि ऐ पतरस, उठ ज़बह कर और खा,
۱۴. मगर पतरस ने कहा, “ऐ ख़ुदावन्द हरगिज़ नहीं क्यूँकि में ने कभी कोई हराम या नापाक़ चीज़ नहीं खाई।”
۱۵. फिर दूसरी बार उसे आवाज़ आई, कि “जिनको ख़ुदा ने पाक ठहराया है तू उन्हें हराम न कह”
۱۶. तीन बार ऐसा ही हुआ, और फ़ौरन वो चीज़ आसमान पर उठा ली गई।
۱۷. जब पतरस अपने दिल में हैरान हो रहा था, कि ये रोया जो में ने देखी क्या है, तो देखो वो आदमी जिन्हें कुर्नेलियुस ने भेजा था, शमा'ऊन के घर पूछ कर के दरवाज़े पर आ खड़े हुए ।
۱۸. और पुकार कर पूछने लगे कि शमा'ऊन जो पतरस कहलाता है? “यही मेंहमान है ”
۱۹. जब पतरस उस ख़्वाब को सोच रहा था, तो रूह ने उस से कहा देख तीन आदमी तुझे पूछ रहे हैं।
۲۰. पस, उठ कर नीचे जा और बे -खटक उनके साथ हो ले ; क्यूँकि मैं ने ही उनको भेजा है ।
۲۱. पतरस ने उतर कर उन आदमियों से कहा, “देखो जिसको तुम पूछते हो वो मैं ही हूँ तुम किस वजह से आये हो|”
۲۲. उन्होंने कहा, “कुर्नेलियुस सूबेदार जो रास्तबाज़ और ख़ुदा तरस आदमी और यहूदियों की सारी क़ौम में नेक नाम है उस ने पाक़ फ़रिश्ते से हिदायत पाई कि तुझे अपने घर बुलाकर तुझ से कलाम सुने।”
۲۳. पस उस ने उन्हें अन्दर बुला कर उनकी मेंहमानी की, और दूसरे दिन वो उठ कर उनके साथ रवाना हुआ, और याफ़ा में से कुछ भाई उसके साथ हो लिए।